विषय - प्रथम नाम श्रीकंठ सुंदर गर्दन/ कंठ वाले (शिव काव्याभिषेक)
दिनांक - 11-7-2025
शीर्षक - बोलो प्रेम से हर हर महादेव
आया आया है देखो सावन छम छम,
बाजे भोले बाबा का डमरू डम डम,
भक्त शिव पूजन को चले हो मतवाले,
जोर शोर से बोले जयकारा बम बम ।
मेघों ने जल बरसाया धिनक धिन धिन,
बूंदों ने संग गीत गाया तिनक तिन तिन,
हमारे तो श्रीकंठ महादेव ही हैं रखवाले,
झूमें भक्ति में भक्त धिनक धिन धिन ।
मन भावन पवन बहे सुहानी सर सर,
झिंगूर, मेढ़क, पपीहरा बोले टर टर,
विनती सुनो भोले नाथ ओ डमरू वाले,
शिव अनंत शंभु कृपा अनंता हर हर ।
ढोलक, मंजीरे, मृदंग करे हैं झम झम,
घुॅंघरू बाजे शिवगण भी नाचें छम छम,
भव सिंधु से पार लगाएँगे बाघम्बर वाले,
जपे जा नमः शिवाय मंत्र दमा दम दम ।
बोलो प्रेम से हर हर महादेव बम बम,
सच्ची श्रद्धा से दुख होगें सारे कम कम,
"आनंद" औघड़नाथ है जटा जूट वाले,
भूल जा शिव भक्ति में सारे गम गम ।
© मोनिका डागा "आनंद", चेन्नई, तमिलनाडु 🙏❤️🙏
आपके स्नेह और प्यार का धन्यवाद !💕
रचना ( स्वरचित व सर्वाधिकार सुरक्षित)✍️